MP news: मध्य प्रदेश में सरकारी नौकरियों में भर्ती को लेकर बेरोजगार युवा परेशान हैं लेकिन जिम्मेदार ओहदों पर बैठे अफसरों की लापरवाही की वजह से हजारों भर्तियां रुकी हुई हैं ताजा मामला राज्य के पुलिस महकमे से जुड़ा है राज्य में पुलिस भर्ती का इंतजार कर रहे बेरोजगार युवाओं को बहुत बेसब्री से इसका इंतजार है
कुल पदों पर मजूरी
राज्य सरकार ने कुल 8000 पदों पर भर्ती की मंजूरी दी है जिसमें 500 सब इंस्पेक्टर और 7500 कांस्टेबल के पद शामिल हैं लेकिन प्रशासनिक देरी की वजह से इसकी प्रोसेस अब तक आगे नहीं बढ़ पाई है अफसरशाही का आलस युवाओं पर भारी पड़ रहा है गृह विभाग ने भर्ती के लिए ड्राफ्ट को अप्रैल में ही कर्मचारी चयन बोर्ड को भेज दिया था लेकिन अब तक जिम्मेदार अफसरों को इतनी फुर्सत नहीं मिल पाई है कि वह इन पदों पर आरक्षण रोस्टर का काम पूरा कर सकें
क्या हैं पूरा मामला
बताया जा रहा है कि पूरा मामला आरक्षण के मुद्दे पर उलझा हुआ है अब तक यह तय नहीं हो पाया है कि किस वर्ग को कितना आरक्षण देना है आरक्षण को लेकर पेच फंसने के बाद इसमें किसी भी तरह का फैसला नहीं लिया गया है गृह विभाग और ईएसबी के बीच यह मामला तब से अटका हुआ है वैसे गृह विभाग में सब इंस्पेक्टर पदों की भर्ती के लिए नियमों में संशोधन किया गया था सब इंस्पेक्टर के लिए रेडियो फोटोग्राफी फिंगरप्रिंट में भर्ती की जानी है अब इन पदों के लिए उम्मीदवार 36 की जगह 38 साल की उम्र तक एग्जाम दे पाएंगे
कैलाश मकवाना ने भी एक्स पर दी जानकारी
वैसे इन भर्तियों को लेकर इसी साल मार्च में डीजीपी कैलाश मकवाना ने भी एक्स पर पोस्ट कर इसकी जानकारी दी थी